अंतरराष्ट्रीय वित्तीय बाजारों में सोमवार को सकारात्मक माहौल देखने को मिला। अमेरिका और ईरान के बीच जारी वार्ता में प्रगति की खबरों के बाद निवेशकों का भरोसा बढ़ा, जिससे एशियाई शेयर बाजारों में मजबूत तेजी दर्ज की गई।
जापान का निक्केई इंडेक्स लगभग 1.8% चढ़ा, जबकि चीन और दक्षिण कोरिया के प्रमुख बाजार भी बढ़त के साथ कारोबार करते दिखाई दिए। वहीं दूसरी ओर कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आई। ब्रेंट क्रूड लगभग 79 डॉलर प्रति बैरल के आसपास पहुंच गया, क्योंकि निवेशकों को उम्मीद है कि यदि समझौता आगे बढ़ता है तो वैश्विक तेल आपूर्ति सामान्य हो सकती है।
निवेशकों के लिए इसका क्या मतलब है?
- तेल की कीमतों में गिरावट से एयरलाइन, ट्रांसपोर्ट और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर को राहत मिल सकती है।
- वैश्विक शेयर बाजारों में जोखिम लेने की भावना बढ़ी है।
- यदि वार्ता सफल रहती है तो आने वाले दिनों में बाजारों में और स्थिरता देखने को मिल सकती है।
